गरीब किसान की पैतृक जमीन पर कब्जे का आरोप, न्याय दिलाने इंटक पहुंचा पीड़ित परिवार
गौरेला। गौरेला थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत कसईबहरा में एक गरीब किसान की पैतृक जमीन पर कथित अवैध कब्जा और मारपीट का मामला सामने आया है। पुलिस कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए पीड़ित परिवार ने राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस (इंटक) के जिला कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़ित निरंजन भैना ने बताया कि उसकी पैतृक जमीन पर गांव के शेषराम भैना, पिता तुलसीराम भैना ने जबरन कब्जा कर लिया। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई। इसकी शिकायत गौरेला थाने में दर्ज कराई गई, लेकिन आरोप है कि पुलिस द्वारा कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
पीड़ित के अनुसार, बाद में उसने न्यायालय की शरण ली, जहां से आरोपी को खेत पर कब्जा छोड़ने का निर्देश दिया गया। इसके बावजूद आरोपी ने कथित रूप से न्यायालय के आदेश की अवहेलना करते हुए खेत की जुताई कर दोबारा कब्जा कर लिया।
मामले को लेकर पीड़ित परिवार राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस (इंटक) के जिला कार्यालय पहुंचा, जहां प्रदेश सचिव एवं जिला अध्यक्ष इदरीस अंसारी को सभी दस्तावेज सौंपे गए। इदरीस अंसारी ने कहा कि उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर जमीन निरंजन भैना के नाम दर्ज है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले के सभी तथ्यों की जांच कर पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने और अवैध कब्जा हटाने की मांग की जाएगी।
इंटक अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि मामले में पुलिस द्वारा अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि यदि किसी गरीब की वैध जमीन पर इस तरह कब्जा होता है तो यह गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई तथा पीड़ित परिवार को उसकी जमीन वापस दिलाने की मांग की।
(नोट: यह समाचार पीड़ित पक्ष एवं इंटक पदाधिकारियों द्वारा लगाए गए आरोपों पर आधारित है। मामले में पुलिस या दूसरे पक्ष का आधिकारिक बयान प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)
