कोटा, बिलासपुर। ग्रामीण शिक्षा जागरूकता अभियान के अंतर्गत सामाजिक संस्था "सेवा एक नई पहल" ने नव शिक्षा सत्र की शुरुआत मातृ शक्तियों के सम्मान के साथ की। कोटा-लोरमी मार्ग स्थित आदिवासी ग्राम धनरास के शासकीय प्राथमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में उन माताओं को सम्मानित किया गया, जिन्होंने कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपने बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजकर शिक्षा के प्रति प्रेरित किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती वंदना से हुआ। संस्था की संयोजिका रेखा आहुजा ने अपने संदेश में कहा कि इस शिक्षा सत्र में संस्था का प्रमुख लक्ष्य ऐसी मातृ शक्तियों को चिन्हित कर उनका सम्मान करना है, जो मेहनत-मजदूरी के साथ भी अपने बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता देती हैं।
इस अवसर पर संस्था के संयोजक संतराम जेठमलानी एवं हंगर फ्री बिलासपुर के सदस्य महेंद्र माखीजा सहित अन्य अतिथियों ने विभिन्न दानदाताओं के सहयोग से विद्यार्थियों को स्कूल बैग, कॉपियां, रेनकोट, सैनिटरी पैड, खिलौने, दरियां तथा अन्य शैक्षणिक सामग्री वितरित की। प्रतिभावान विद्यार्थियों को मेडल, उनकी माताओं को मल्टीपर्पज़ पर्स तथा कामकाजी महिलाओं को विशेष उपहार भी प्रदान किए गए।
कार्यक्रम संयोजिका एवं राज्य स्तर पर सम्मानित सहायक शिक्षिका दीप्ति दीक्षित ने आयोजन में सहयोग करने वाले संस्था के सदस्यों, शिक्षकों एवं दानदाताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार सहयोग की अपेक्षा जताई।
