-->
Type Here to Get Search Results !
ब्रेकिंग न्यूज़

भारत की मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम पर FATF ने की तारीफ, ED के काम को बताया ‘वैश्विक मॉडल’





 नई दिल्ली। मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ भारत की सख्त कार्रवाई को अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिल रही है। वैश्विक निगरानी संस्था फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) ने अपनी ताजा रिपोर्ट में भारत के प्रवर्तन निदेशालय (ED) के कार्य को “एक प्रभावशाली वैश्विक मॉडल” बताया है।

भारत का तंत्र मजबूत और भरोसेमंद: FATF

FATF की रिपोर्ट के अनुसार, भारत की कानूनी व्यवस्था और मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम तंत्र न सिर्फ मजबूत है बल्कि अन्य देशों के लिए भी उदाहरण बन चुका है। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत अपराध से जुड़ी संपत्तियों को जब्त करने और पीड़ितों को राहत दिलाने के मामले में अग्रणी भूमिका निभा रहा है।

महाराष्ट्र केस बना उदाहरण

रिपोर्ट में महाराष्ट्र के एक बड़े केस का भी जिक्र है, जिसमें अवैध कमाई से खरीदी गई संपत्तियों को जब्त कर पीड़ितों को लौटाया गया। FATF ने कहा कि भारत ने वित्तीय अपराधों से जब्त संपत्तियों का समाजहित में उपयोग करने की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं।

FATF ने ED के प्रमुख मामलों का किया उल्लेख

रिपोर्ट में ED की कई बड़ी कार्रवाईयों का जिक्र किया गया है —

  • रोज वैली पोंजी घोटाला: 17,520 करोड़ रुपए की संपत्तियों की जब्ती और पीड़ितों को राहत।

  • भारत-अमेरिका संयुक्त कार्रवाई: 268 बिटकॉइन (करीब 130 करोड़ रुपए) और 10 लाख डॉलर की जब्ती।

  • आंध्र प्रदेश पुलिस के साथ कार्रवाई: 6,000 करोड़ रुपए की संपत्तियों की बहाली।

  • PMLA के तहत: 17.77 अरब रुपए की अचल संपत्ति जब्त।

भारत का मॉडल बना प्रेरणास्रोत

FATF ने कहा कि भारत का पीड़ित-केंद्रित संपत्ति पुनर्वसूली मॉडल और वित्तीय डेटा विश्लेषण तकनीक अन्य देशों के लिए प्रेरणादायक हैं। रिपोर्ट में भारत की पारदर्शिता, जवाबदेही और पीड़ितों के हितों को प्राथमिकता देने की नीति को “वैश्विक मानक” बताया गया है।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.