मंगलवार,24 फरवरी 2026 को जिला बाल संरक्षण इकाई को सूचना मिली कि ग्राम पंचायत सल्हेघोरी, थाना गौरेला क्षेत्र में बैगा समाज के एक नाबालिग बालक का विवाह प्रारंभ होने वाला है। सूचना मिलते ही जिला बाल संरक्षण अधिकारी द्वारा मामले से जिला प्रशासन को अवगत कराया गया।
महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी अमित सिन्हा के निर्देशन में जिला बाल संरक्षण अधिकारी बीरेंद्र कुर्रे के नेतृत्व में एक टीम गठित कर मौके पर भेजी गई। टीम में सेक्टर सुपरवाइजर, चाइल्ड हेल्पलाइन, स्थानीय पुलिस तथा पंचायत प्रतिनिधि शामिल थे।
जांच के दौरान बालक के आयु संबंधी दस्तावेजों का परीक्षण किया गया, जिसमें उसकी आयु 20 वर्ष 5 माह 8 दिन पाई गई, जो कि बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 के अनुसार निर्धारित 21 वर्ष से कम है।
अधिकारियों ने परिजनों को समझाइश देते हुए अधिनियम के कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी और घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर कराकर बाल विवाह पर रोक लगा दी।
प्रशासन ने नागरिकों से बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा की सूचना तत्काल संबंधित विभाग को देने की अपील की है।
